महत्वपूर्ण बिंदु
प्रैक्टिकल कॉपी सही से बना ले |
प्रोजेक्ट कॉपी सही से बना ले |
विषय शिक्षक और प्रधानाध्यापक से हस्ताक्षर करवा ले
Viva का आंसर पता नहीं हो तो – कुछ न कुछ विषय के बारे में बोलना है, चुप नहीं रहना है |
प्रैक्टिकल का आंसर पता नहीं हो तो – कुछ न कुछ विषय के बारे में बोलना/लिखना/करना है, चुप नहीं रहना है |
- पूरा सिलेबस और फाइल तैयार रखें
- प्रैक्टिकल फाइल / कॉपी साफ-सुथरी और पूरी होनी चाहिए
- सभी experiments, diagrams, viva questions लिखे हों
- कवर पेज, इंडेक्स और teacher का signature जरूर हो
2️⃣ Experiments पहले से Practice करें
- जो-जो experiments सिलेबस में हैं, उन्हें कम से कम 2–3 बार कर लें
- Steps, observations और result अच्छे से याद रखें
- Chemistry/Physics/Computer में units और formulas पर ध्यान दें
3️⃣ Viva (मौखिक परीक्षा) पर खास ध्यान दें
Viva से ही सबसे ज्यादा नंबर कटते हैं
- Definition, formula, uses और precautions याद रखें
- Answer छोटा, साफ और confident तरीके से दें
- अगर कुछ न पता हो तो घबराएं नहीं, शांति से बोलें
4️⃣ Presentation बहुत मायने रखता है
- साफ handwriting
- Diagram पेंसिल से और लेबल के साथ बनाएं
- Answer को point में लिखें
5️⃣ Practical Day पर ये बातें जरूर करें
- School समय से पहले पहुंचे
- Proper uniform और ID card पहनें
- Teacher और external examiner से respectfully बात करें
6️⃣ Teacher से Practical से पहले Help लें
- अपने subject teacher से पूछें कि
- कौन-सा experiment ज्यादा important है
- Viva में क्या पूछा जाता है
- कई बार वही questions exam में आते हैं
7️⃣ Nervous न हों
Confidence और basic knowledge से ही अच्छे marks मिल जाते हैं
Examiner बच्चों को fail करने नहीं आता
हर एक्सपेरिमेंट को इस क्रम में लिखा जाना चाहिए 👇
- एक्सपेरिमेंट नंबर और तारीख
- उद्देश्य
- उपकरण / ज़रूरी सामान
- थ्योरी (संक्षिप्त और सटीक)
- प्रक्रिया / चरण
- अवलोकन तालिका (यदि कोई हो)
- गणना (जहां ज़रूरी हो)
- परिणाम
- सावधानियां
- चित्र (साफ़, लेबल किया हुआ, सिर्फ़ पेंसिल से)

